पानी की बूँदे

पानी की बूँदे

आती है जो गालों पे
अक्सर जब मन भर आए
हे रूप अनेक इसके
दिल को ये सेहेलाए
ग़म अगर हो ज़्यादा
बन जाती है ये रुलाई
ख़ुशी अगर हो इतनी
मोती बन ये हसाए
हमेशा ये साथ देते
हमे हर पल ये बेहेलाती
अनमोल ये पानी की बूँदे
आँसू हे कहेलाती